सफ़ेद सूट था और माथे पर थी काली बिंदी
सफ़ेद सूट था और माथे पर थी काली बिंदी
कानो मे छोटे झुमके कुछ ऐसी थी मेरी बंदी
देखा उसकी आँखे तो दिल मेरा रुक सा गया
मानो ऐसे जैसे शिव पार्वती के साथ बैठे हो नंदी
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देखा उसकी आँखे तो दिल मेरा रुक सा गया
मानो ऐसे जैसे शिव पार्वती के साथ बैठे हो नंदी